उत्तराखण्ड में बम की धमकी के बाद नगर पालिका परिसर कराया गया खाली, बम स्क्वॉड, पुलिस, साइबर सेल और खुफिया एजेंसियों ने खांगला पूरा परिसर………
मसूरी: नगर पालिका परिषद मसूरी को ई-मेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद मंगलवार को पूरे शहर में हड़कंप मच गया। धमकी की सूचना मिलते ही पुलिस, खुफिया विभाग, साइबर सेल और बम निरोधक दस्ते (बम स्क्वॉड) ने मोर्चा संभाल लिया। सुरक्षा के मद्देनजर नगर पालिका परिसर को तत्काल खाली कराया गया और कर्मचारियों सहित आम लोगों के प्रवेश पर अस्थायी रोक लगा दी गई।बम स्क्वॉड की टीम ने कई घंटों तक नगर पालिका भवन के चप्पे-चप्पे की गहन तलाशी ली। कार्यालय के कमरों, रिकॉर्ड रूम, परिसर और आसपास के क्षेत्रों की बारीकी से जांच की गई। हालांकि प्रारंभिक जांच में कोई संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री बरामद नहीं हुई है।

अधिकारियों के अनुसार नगर पालिका और एसडीएम कार्यालय को एक धमकी भरा ई-मेल प्राप्त हुआ था, जिसमें नगर पालिका कार्यालय को निशाना बनाने की बात कही गई थी। सूचना मिलते ही प्रशासन ने किसी भी प्रकार का जोखिम न लेते हुए सुरक्षा एजेंसियों को सक्रिय कर दिया। बम स्क्वॉड के अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि किसी भी लावारिस वस्तु, बैग या संदिग्ध सामग्री को हाथ न लगाएं। यदि कहीं कोई संदिग्ध वस्तु दिखाई दे तो तत्काल पुलिस कंट्रोल रूम या स्थानीय पुलिस को सूचना दें।
इस बीच नगर पालिका अध्यक्ष मीरा सकलानी ने बताया कि धमकी भरा ई-मेल मिलने के बाद नगर पालिका प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और पुलिस, खुफिया विभाग तथा साइबर सेल को हर संभव सहयोग दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मसूरी एक अंतरराष्ट्रीय पहचान वाला पर्यटन स्थल है, जहां देश-विदेश से बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंचते हैं। ऐसे में इस प्रकार की धमकियां न केवल सुरक्षा के लिहाज से गंभीर हैं बल्कि पर्यटन गतिविधियों को भी प्रभावित कर सकती हैं।
वहीं पुलिस और साइबर सेल ई-मेल के स्रोत का पता लगाने में जुटी हुई है। तकनीकी विशेषज्ञ आईपी एड्रेस, सर्वर लोकेशन और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रहे हैं ताकि धमकी भेजने वाले व्यक्ति या संगठन की पहचान की जा सके।
