रात की बची दाल फेंक देते हैं, सुबह नाश्ते में बनाएं मसाला पूड़ी, पड़ोसी भी पूछेंगे रेसिपी……..
देहरादून: रात में अक्सर घरों में दाल बच जाती है जिसे महिलाएं कूड़े में फेंक देती हैं क्योंकि रात की दाल सुबह कोई नहीं खाना चाहता है लेकिन यहां हम आपको रात की दाल से नाश्ते में गरमा-गरम मसाला पूड़ी बनाने का तरीका बता रहे हैं जो खाने में टेस्टी होने के साथ ही हेल्दी भी हैं।
अक्सर रात के डिनर में बनी दाल बच जाती है जिसे सुबह या लंच में दोबारा खाने में कोई खास दिलचस्पी नहीं दिखाता। बार-बार उसी दाल को गर्म करके खाने के बजाय क्यों न आज इससे कुछ ऐसा मजेदार और टेस्टी बनाया जाए, जिसे देखते ही सबके मुंह में पानी आ जाए।
जी हां रात की बची हुई दाल को फेंकने या बेकार समझने के बजाय आप लंच में इससे बेहद खस्ता और चटपटी ‘मसाला पूरी’ तैयार कर सकते हैं। यह रेसिपी न सिर्फ फटाफट बनकर तैयार हो जाती है बल्कि इसमें दाल के सारे पोषक तत्व भी बरकरार रहते हैं। तो चलिए जानते हैं बची हुई दाल से एकदम फूली-फूली और खस्ता मसाला पूरी बनाने की बेहद आसान रेसिपी।
आवश्यक सामग्री:-
बची हुई दाल: 1 कटोरी (कोई भी दाल जैसे तुअर, मूंग या मिक्स दाल)
गेहूं का आटा: 2 कटोरी
सूजी (रवा): 2 चम्मच (पूरी को क्रिस्पी बनाने के लिए)
बेसन: 2 चम्मच (सौंधा स्वाद देने के लिए)
बारीक कटा हरा धनिया: 2-3 चम्मच
मसाले: आधा चम्मच अजवाइन, आधा चम्मच लाल मिर्च पाउडर, एक चौथाई चम्मच हल्दी, आधा चम्मच गरम मसाला, स्वादानुसार नमक (ध्यान रहे दाल में भी नमक होता है)
तेल: मोयन के लिए 2 चम्मच और पूरी तलने के लिए
बनाने का तरीका
सबसे पहले एक बड़े बर्तन या परात में गेहूं का आटा, सूजी और बेसन को छानकर एक साथ मिला लें।
अब इस आटे में अजवाइन (हथेलियों से क्रश करके), लाल मिर्च पाउडर, हल्दी, गरम मसाला, नमक, मोयन के लिए 2 चम्मच तेल और बारीक कटा हरा धनिया डालें।
अब इस मिश्रण में रात की बची हुई दाल को थोड़ा-थोड़ा करके डालें और आटा गूंथना शुरू करें। ध्यान रहे कि इसमें पानी का इस्तेमाल बिल्कुल नहीं करना है, दाल के मॉइस्चर से ही सख्त आटा गूंथकर तैयार करना है।
गूंथे हुए आटे पर हल्का सा तेल लगाकर इसे ढककर 10 से 15 मिनट के लिए छोड़ दें ताकि सूजी अच्छी तरह फूल जाए।
तय समय बाद आटे की छोटी-छोटी लोइयां तोड़ लें। कढ़ाई में तेल तेज गर्म करें। लोइयों पर हल्का सा तेल लगाकर उन्हें पूरी के आकार में बेल लें और गर्म तेल में डालकर दोनों तरफ से सुनहरा और क्रिस्पी होने तक तल लें।
परोसने का तरीका
इन फूली-फूली मसाला पूरियों को कढ़ाई से सीधे निकालकर गरमा-गरम ही लंच प्लेट में परोसें।
इन पूरियों का स्वाद आम या नींबू के चटपटे अचार, तीखी हरी चटनी और बूंदी के ठंडे-ठंडे रायते या गाढ़े दही के साथ दोगुना हो जाता है।
यह पूरियां काफी देर तक सॉफ्ट और टेस्टी बनी रहती हैं, इसलिए इन्हें आप बच्चों के लंच बॉक्स या फिर सफर में ले जाने के लिए भी पैक कर सकते हैं। इनके साथ अलग से सब्जी की भी जरूरत नहीं पड़ती।

