उत्तराखंड में प्रेमनगर नंदा की चौकी पुल एप्रोच मामला पर ठेकेदार कंपनी ‘हिमालयन कंस्ट्रक्शन’ का लाइसेंस निलंबित, PWD टेंडरों पर रोक……….
देहरादून: प्रेमनगर स्थित नंदा की चौकी पुल के एप्रोच मार्ग टूटने और टोंस नदी में पुल को पहुंचे नुकसान के मामले में शासन व लोक निर्माण विभाग (PWD) ने सख्त कार्रवाई की है। पुल का निर्माण करने वाली कार्यदायी संस्था ‘मैसर्स हिमालयन कंस्ट्रक्शन’ का पंजीकरण (लाइसेंस) तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। इसके साथ ही अग्रिम आदेशों तक कंपनी को उत्तराखंड PWD की किसी भी निविदा (टेंडर) प्रक्रिया में भाग लेने से प्रतिबंधित (ब्लैकलिस्ट की प्रक्रिया के तहत रोक) कर दिया गया है।
गौरतलब है कि उक्त निर्माण कंपनी में भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रुचि भट्ट की हिस्सेदारी बताई जा रही है।
जांच रिपोर्ट के बाद कार्रवाई
मुख्य अभियंता द्वारा शासन को प्रेषित प्राथमिक जांच आख्या (पत्रांक: 3719/9/276(से०का०)/2026, दिनांक 03.08.2026) के आधार पर यह कदम उठाया गया है। जांच रिपोर्ट के अनुसार, टोंस नदी पर बने सेतु का एप्रोच रोड ‘हेवी स्कोअरिंग’ (Heavy Scouring) के कारण क्षतिग्रस्त हुआ है। प्राथमिक जांच में यह भी सामने आया कि निर्माण के दौरान स्कोअर डेप्थ (Scour Depth) का सटीक मूल्यांकन नहीं किया गया था।
तकनीकी जांच के निर्देश
जांच अधिकारी की संस्तुति पर PWD ने विस्तृत जांच के निर्देश दिए हैं। अब इस स्थल की गहन तकनीकी जांच के लिए:
ग्राउंड पेनिट्रेशन रडार (GPR) परीक्षण, और इलेक्ट्रिकल रेजिस्टिविटी टेस्ट (ERT) कराया जाएगा। इन परीक्षणों की अंतिम रिपोर्ट (Scour Depth Assessment) आने तक निर्माण कंपनी पर यह निलंबन लागू रहेगा।
विभाग ने जारी किए आदेश
प्रमुख अभियंता (लोक निर्माण विभाग) द्वारा जारी आदेश में कंपनी (पंजीकरण संख्या: A0001BR0725:AA EFH 0522J) का रजिस्ट्रेशन सस्पेंड करने की पुष्टि की गई है। इस आदेश की प्रतियां सचिव लोक निर्माण विभाग, समस्त मुख्य अभियंताओं व संबंधित अधिकारियों को सूचनार्थ भेज दी गई हैं।

