उत्तराखंड में यहाँ सड़क बंद होने का खामियाजा: बेहोश महिला को डंडी-कंडी पर 7 किमी ढोकर पहुंचाया अस्पताल………

उत्तरकाशी: मोरी विकासखंड के सुदूरवर्ती रेक्चा गांव में सड़क बंद होने का खामियाजा एक गंभीर रूप से बीमार महिला को भुगतना पड़ा। सड़क मार्ग बाधित होने के कारण ग्रामीणों को महिला को डंडी-कंडी के सहारे लगभग सात किलोमीटर पैदल ले जाकर सड़क तक पहुंचाना पड़ा, जिसके बाद एंबुलेंस से उसे अस्पताल पहुंचाया गया।

जानकारी के अनुसार रेक्चा गांव निवासी सपना, पत्नी आनंद सिंह, की शुक्रवार को अचानक तबीयत बिगड़ गई। वह बेहोश होकर गिर पड़ी, जिससे परिजनों में हड़कंप मच गया। ग्रामीण संतोष सिंह ने बताया कि पिछले करीब एक सप्ताह से गांव को जोड़ने वाली सड़क बंद है, जिसके कारण कोई भी वाहन गांव तक नहीं पहुंच पा रहा है।

आपात स्थिति को देखते हुए ग्रामीणों ने महिला को डंडी-कंडी पर लिटाकर करीब सात किलोमीटर पैदल बेचा पुल तक पहुंचाया। वहां पहले से मौजूद हंस फाउंडेशन की एंबुलेंस सेवा के माध्यम से महिला को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) मोरी ले जाया गया।

ग्रामीणों ने बताया कि पीड़ित महिला का दो माह का शिशु भी है। सड़क बंद होने के कारण गांव में किसी भी मरीज, गर्भवती महिला या बुजुर्ग को समय पर अस्पताल पहुंचाना बेहद मुश्किल हो गया है। उन्होंने प्रशासन से तत्काल सड़क खोलने की मांग करते हुए कहा कि यदि शीघ्र व्यवस्था नहीं की गई तो भविष्य में किसी बड़ी अनहोनी से इनकार नहीं किया जा सकता।

सीएचसी मोरी के प्रभारी डॉ. नितेश रावत ने बताया कि महिला का उपचार जारी है और उसकी स्थिति अब स्थिर है। उन्होंने कहा कि समय पर अस्पताल पहुंचाने के कारण महिला की हालत में सुधार है और फिलहाल वह खतरे से बाहर है।

ग्रामीणों का कहना है कि बरसात के दौरान सड़कें बंद होने से रेक्चा सहित आसपास के गांवों के लोगों का जीवन प्रभावित हो रहा है। उन्होंने प्रशासन से युद्धस्तर पर सड़क खोलने और आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था को सुदृढ़ करने की मांग की है।

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *